जयपुर/सीकर। राजस्थान में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय हो गया है। बीते 24 घंटों में सीकर जिले में करीब 3 इंच (लगभग 75 मिमी) बारिश दर्ज की गई, जिससे शहर के निचले इलाकों में जलभराव हो गया। तेज बरसात का असर इतना रहा कि पानी पुलिस थाने और कलेक्ट्रेट परिसर तक पहुंच गया, जिससे प्रशासनिक कामकाज पर भी असर पड़ा।
भारी बारिश के चलते रेल पटरियों पर पानी भर जाने से ट्रेनों के परिचालन पर भी असर देखने को मिला। मौसम विभाग ने सीकर सहित प्रदेश के 7 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है।
सीकर में कहां-कहां भरा पानी?
सीकर शहर की प्रमुख सड़कों और कॉलोनियों में देर रात से शुरू हुई बारिश ने जमकर कहर बरपाया। सड़कों पर पानी भर जाने से आमजन को आवागमन में भारी परेशानी झेलनी पड़ी। कलेक्ट्रेट परिसर और थाना क्षेत्र में पानी घुसने से कर्मचारियों और आमजन को असुविधा हुई। कई जगह वाहन पानी में फंसते नजर आए, और निचली बस्तियों में रहने वाले लोगों के घरों के बाहर भी पानी जमा हो गया।
रेल यातायात पर असर
लगातार हो रही बारिश के कारण कुछ स्थानों पर रेलवे ट्रैक पर पानी भर गया, जिसका सीधा असर ट्रेनों की आवाजाही पर पड़ा। इससे कई ट्रेनें अपने तय समय से देरी से चलीं और यात्रियों को स्टेशनों पर इंतजार करना पड़ा। रेलवे प्रशासन ट्रैक की निगरानी में जुटा रहा और जलस्तर घटने के बाद ही परिचालन को सामान्य किया गया।
प्रदेश के 7 जिलों में बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग, जयपुर के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने सक्रिय मौसमी सिस्टम और मानसून ट्रफ लाइन के सामान्य स्थिति के करीब आने से पूर्वी और उत्तर-पूर्वी राजस्थान में बारिश की गतिविधियां तेज हुई हैं। सीकर के अलावा झुंझुनूं, जयपुर, अलवर, कोटा, भरतपुर और अजमेर संभाग के कई इलाकों में भी 20-22 जुलाई के दौरान मध्यम से भारी बारिश दर्ज होने और होने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने पूर्वी राजस्थान के करीब 28 जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी कर रखा है।
आगे कैसा रहेगा मौसम?
- 21-22 जुलाई: जयपुर, भरतपुर, अजमेर, कोटा और बीकानेर संभाग में बारिश की तीव्रता बढ़ने के आसार, कुछ स्थानों पर भारी बारिश संभव।
- पश्चिमी राजस्थान: चूरू, डीडवाना-कुचामन, हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर, पाली, नागौर और जालोर में भी येलो अलर्ट।
- 23-26 जुलाई: बीकानेर और जोधपुर संभाग के कई क्षेत्रों में तेज बारिश की संभावना।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बंगाल की खाड़ी से आ रही मानसूनी हवाओं के चलते आने वाले दिनों में प्रदेशभर में बारिश का दौर जारी रह सकता है। बता दें कि इस मानसून सीजन में राजस्थान में अब तक सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई थी, ऐसे में यह ताजा सक्रियता बारिश की कमी को कुछ हद तक पूरा कर सकती है।
प्रशासन की अपील
प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि जलभराव वाले क्षेत्रों और निचले इलाकों में जाने से बचें, बिजली गिरने के दौरान खुले स्थानों पर न रहें और नदी-नालों के पास सावधानी बरतें। किसानों को भी खेतों में जलभराव को देखते हुए सतर्क रहने की सलाह दी गई है।


